उत्तर प्रदेश के बदायूं जिले से एक हैरान कर देने वाला मामला सामने आया है। यहां तेहरवी के कार्यक्रम में बना रायता पूरे गांव के लिए परेशानी का कारण बन गया। जिस भैंस के दूध से रायता तैयार किया गया था, उसी भैंस को कुछ दिन पहले कुत्ते ने काट लिया था।
बताया जा रहा है कि कुत्ते के काटने के बाद भैंस में रेबीज के लक्षण दिखाई देने लगे और कुछ ही दिनों में उसकी मौत हो गई। इसी भैंस के दूध से बना रायता जब तेहरवी के कार्यक्रम में लोगों को परोसा गया, तो गांव में डर का माहौल बन गया।
मामले की जानकारी मिलते ही ग्रामीणों में घबराहट फैल गई। रेबीज के खतरे को देखते हुए गांव के करीब 200 लोग एहतियातन अस्पताल पहुंचे, जहां उन्होंने रेबीज का इंजेक्शन लगवाया।
स्वास्थ्य विभाग का कहना है कि मामले की जांच की जा रही है और लोगों से अपील की गई है कि किसी भी जानवर के बीमार होने या कुत्ते के काटने की स्थिति में उसका दूध या उससे बने उत्पादों का उपयोग न करें।
यह घटना एक बार फिर चेतावनी देती है कि थोड़ी सी लापरवाही भी बड़ी परेशानी का कारण बन सकती है।














