ऑनलाइन डेटिंग एप के माध्यम से ठगी करने वाले,तीन शातिरों को पुलिस ने किया गिरफ्तार
इटावा: पुलिस ने ऑनलाइन डेटिंग एप के माध्यम से लोगों को झांसे में लेकर ठगी करने वाले गिरोह का पर्दाफाश करते हुए,1नकली पिस्तौल व कार सहित तीन अभियुक्तों को गिरफ्तार करने में महत्वपूर्ण सफलता हासिल की है| आपको बताते चलें साइबर अपराध के बढ़ते मामलों पर लगाम लगाने के उद्देश्य से इटावा पुलिस ने एक बड़ी कार्रवाई करते हुए ऑनलाइन डेटिंग एप के माध्यम से ठगी करने वाले तीन शातिर अभियुक्तों को गिरफ्तार किया है। पुलिस ने उनके कब्जे से चार मोबाइल फोन, एक नकली पिस्तौल, 45 हजार रुपये नगद तथा एक स्विफ्ट डिजायर कार बरामद की है, जो ठगी की वारदात में प्रयुक्त की गई थी। यह कार्रवाई थाना जसवंतनगर पुलिस टीम ने वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक इटावा श्री बृजेश कुमार श्रीवास्तव के निर्देशन और अपर पुलिस महानिदेशक कानपुर जोन व पुलिस उप महानिरीक्षक कानपुर परिक्षेत्र के मार्गदर्शन में की। मामले का खुलासा तब हुआ जब औरैया निवासी शिवम आर्या ने थाना जसवंतनगर में तहरीर दी कि कुछ अज्ञात व्यक्तियों ने एक डेटिंग एप के माध्यम से उससे बातचीत कर विश्वास में लिया और मिलने केबहाने इटावा बुलाया। वहां आरोपियों ने उसे अपनी कार में बैठाकर मारपीट की और मोबाइल फोन का पासवर्ड पूछकर 45 हजार रुपये अपने खाते में ट्रांसफर करा लिए। शिकायत पर थाना जसवंतनगर में मु0अ0सं0 406/2025 धारा 115(2)/127(2)/351(3)/308(5) BNS व 66D IT एक्ट के तहत मुकदमा दर्ज किया गया।
पुलिस की अपील साइवर ठगी करने वालों से रहे सावधान
वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक के निर्देश पर सक्रिय हुई पुलिस टीम ने रात में सरायभूपत रेलवे क्रासिंग के आगे केवला रोड तिराहे पर चेकिंग अभियान चलाया। इसी दौरान मुखबिर से सूचना मिली कि साइबर ठगी करने वाले आरोपी स्विफ्ट डिजायर कार से आगरा से इटावा की ओर आ रहे हैं। पुलिस ने घेराबंदी कर कार को रोकते हुए तीनों आरोपियों को मौके से गिरफ्तार कर लिया।

गिरफ्तार अभियुक्तों की पहचान आलोक परिहार उर्फ राहुल, विपुल द्विवेदी और कृष्णेश मिश्रा के रूप में हुई है। पूछताछ में आरोपियों ने स्वीकार किया कि उन्होंने अपने एक साथी बूटे उर्फ प्रदीप के साथ मिलकर पीड़ित को डेटिंग एप से फंसाया था। उसे कार में बैठाकर नकली पिस्तौल दिखाकर धमकाया और उसके मोबाइल से rahul56thkr आईडी के स्कैनर के माध्यम से Ultrawin गेमिंग एप पर 25 हजार और 20 हजार रुपये दो बार में ट्रांसफर किए। पुलिस ने आरोपियों से चार मोबाइल, एक नकली पिस्तौल, 45 हजार रुपये और घटना में प्रयुक्त स्विफ्ट डिजायर कार बरामद की है। जांच में खुलासा हुआ कि मुख्य आरोपी आलोक परिहार पर पहले से ही गैंगस्टर एक्ट और लूट-ठगी के कई मुकदमे दर्ज हैं।
इटावा पुलिस ने आमजन से अपील की है कि किसी भी प्रकार के ऑनलाइन लालच में आकर अपने बैंक खातों, पासवर्ड या ओटीपी की जानकारी किसी से साझा न करें। साइबर ठगी की स्थिति में तत्काल हेल्पलाइन नंबर 1930 या स्थानीय साइबर क्राइम थाना से संपर्क करें। इस सराहनीय कार्य के लिए पुलिस टीम के लिए वरिष्ठ अधिकारियों ने 10 हजार रुपये का इनाम घोषित किया है।














